HEADLINES India-US Howitzer deal War laws disregarded in Syria OPEC agrees to production cut Demonetisation, GST, beneficial for economy Earthquake along Indo-Nepal border Interest rate-cut likely next week IT department may probe Tata Trusts’ exemption validity Heart of Asia conference to begin in Amritsar on Saturday Saina loses in Macau Open Quarter finals Jio Free-service extended upto March 31 || भारत-अमेरिका होवित्ज़र तोप सौदा सीरिया में युद्ध कानूनों की घोर अवहेलना ओपेक देशों की उत्पादन कटौती पर सहमति विमुद्रीकरण, जीएसटी अर्थव्यवस्था के लिए लाभदायक भारत-नेपाल सीमा पर भूकंप के झटके ब्याज दरों में अगले सप्ताह कटौती की संभावना आयकर विभाग टाटा न्यासों की छूट की वैधता की जाँच कर सकता है हार्ट ऑफ एशिया सम्मेलन शनिवार से अमृतसर में साइना मकाऊ ओपन के क्वार्टर फाइनल में हारीं जियो ग्राहकों को 31 मार्च पर मुफ्त सेवाएँ
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India signed its first major deal with the US, after the 1980s Bofors scandal had erupted, worth nearly Rs.5,000 crore. The deal is for the purchase of 145 M777 ultra-light Howitzer artillery guns & was signed after the two-day meeting of the 15th India-US Military Cooperation Group in New Delhi. These will be mostly deployed near the Chinese borders. The Cabinet Committee on Security (CCS) had cleared the deal, considered important from India’s defence scenario in south Asia. Read NDTV
भारत-अमेरिका के बीच 5,000 करोड़ का 145 हॉवित्सर तोप सौदा
भारत ने सेना की लंबे समय से की जा रही तोपों की मांग के चलते अमेरिका के साथ लगभग 5,000 करोड़ रुपये का 145 होवित्ज़र तोपों का सौदा किया है। अस्सी के दशक के मध्य में बोफोर्स घोटाला सामने आने के बाद से भारत में तोपखाने का आधुनिकीकरण थमा हुआ था। बोफोर्स के बाद से यह पहला तोप सौदा है। नई दिल्ली में बुधवार को हुई भारत-अमेरिका को-ऑपरेशन ग्रुप की मीटिंग के बाद इस सौदे पर हस्ताक्षर हुए। सुरक्षा मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति ने हाल ही में इसे मंजूरी दी थी। यह सौदा भारत की सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण है। नवभारत टाइम्स देखें2. OPEC countries agree to first oil output cut in eight years
After facing three years of depressing oil prices, the Organization of Petroleum Exporting Countries (OPEC) has agreed to cut production of oil by 1.2 million barrels a day, for the first time in eight years. Falling oil prices have hurt the economies and finances of these countries and the decision would hopefully (for them) result in rising oil prices. However, it will adversely affect India’s economy in the form of increased import bills, stress on forex reserves in the wake of falling rupee prices, and inflation coupled with the impact of the recent demonetization. OPEC - especially Saudi Arabia - had not previously cut production to put financial pressure on emerging US Shale Oil producers. Read BBC News
आठ साल में पहली बार ओपेक (OPEC) देश कच्चा तेल उत्पादन में कटौती पर राजी
तेल निर्यातक देशों के संगठन (ओपेक) के सदस्य देश उत्पादन में कटौती पर प्रतिदिन 12 लाख बैरल क्रूड उत्पादन की कटौती पर राजी हुए। इससे प्रमुख बाजारों में तेल कीमतों मे तेजी देखने को मिली। 2008 के बाद पहली बार यह संगठन (ओपेक) कच्चे तेल के उत्पादन में कटौती करेगा। संगठन के इस निर्णय से भारतीय अर्थव्यवस्था पर विपरीत प्रभाव पड़ेगा, क्योंकि इससे हमारे तेल आयात बिल में वृद्धि होगी, रुपये के गिरते मूल्य के कारण विदेशी मुद्रा भंडार पर दबाव बढेगा, और हाल के विमुद्रीकरण के प्रभाव के साथ ही मुद्रास्फीति में वृद्धि होगी। प्रभात खबर देखें
3. UN : Laws of war systematically disregarded in Syria
तेल निर्यातक देशों के संगठन (ओपेक) के सदस्य देश उत्पादन में कटौती पर प्रतिदिन 12 लाख बैरल क्रूड उत्पादन की कटौती पर राजी हुए। इससे प्रमुख बाजारों में तेल कीमतों मे तेजी देखने को मिली। 2008 के बाद पहली बार यह संगठन (ओपेक) कच्चे तेल के उत्पादन में कटौती करेगा। संगठन के इस निर्णय से भारतीय अर्थव्यवस्था पर विपरीत प्रभाव पड़ेगा, क्योंकि इससे हमारे तेल आयात बिल में वृद्धि होगी, रुपये के गिरते मूल्य के कारण विदेशी मुद्रा भंडार पर दबाव बढेगा, और हाल के विमुद्रीकरण के प्रभाव के साथ ही मुद्रास्फीति में वृद्धि होगी। प्रभात खबर देखें
3. UN : Laws of war systematically disregarded in Syria
The UN humanitarian chief has said that parties to the Syrian conflict have openly flouted the laws of war going to any extent to gain military advantage. Some 25,000 people, most of them women and children, had been displaced from their homes in the last four days itself. Hospital facilities have been precarious in eastern Aleppo, which has been under siege for nearly 150 days and most of the people trapped inside had no means to survive much longer. Syria under Bashar Assad regime has turned into a strategic chessboard for belligerent Russia and the West. Read Fox News
संयुक्त राष्ट्र ने कहा - सीरिया में युद्ध कानूनों की अवहेलना हो रही है
संयुक्त राष्ट्र में मानवीय मामलों के प्रमुख ने कहा है कि सीरियाई संघर्ष में शामिल पक्षों ने व्यवस्थित तरीके से युद्ध कानूनों की अवहेलना की है और बार बार यह दिखाया है कि वे सैन्य बढ़त हासिल करने के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं। कई पीढ़ियों के दर्दनाक कष्टों से सबक लेते हुए जिनेवा सम्मेलन में युद्ध के जो नियम तय किए गए थे, उसका व्यवस्थित रूप से सीरिया में अपमान किया गया है। शनिवार के बाद से करीब 25000 लोगों को अपने घरों को छोड़कर जाना पड़ा है जिनमें अधिकतर महिलाएं एवं बच्चे है। पूर्वी अलेप्पो में अस्पतालों की स्थिति दयनीय है और वहां फंसे लोगों के लिए अस्तित्व का संकट खड़ा हो गया है। जनसत्ता देखेंOur Bodhi on World Politics can be read here | विश्व राजनीति पर हमारी बोधि पढ़ें यहाँ
Speaking at the “Make in Odisha” conclave in Bhubaneshwar, Finance Minister Arun Jaitley said that the government’s decisions of implementing GST and demonetization will prove to be very beneficial. GST will help expand the revenue collection base of both the Centre and the states, and demonetization process, when complete, will bring money in banks which would be fruitfully used for the betterment of the economy, particularly the rural and agricultural economy. His comments regarding Media coverage and comparing it with 1947, came in for much criticism however. Read News 18
विमुद्रीकरण, जीएसटी अर्थव्यवस्था के लिए लाभदायक : वित्त मंत्री
भुवनेश्वर में ‘मेक इन ओडिशा’ कार्यक्रम में बोलते हुए केंद्रीय वित्तमंत्री अरुण जेटली ने कहा कि विमुद्रीकरण और जीएसटी भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए अहम् बदलाव साबित होंगे। एक ओर, जहाँ जीएसटी से केंद्र और राज्यों का राजस्व आधार विस्तारित होगा, वहीं विमुद्रीकरण के कारण बैंकों में पैसा आएगा जिसका उपयोग लोगों के कल्याण के लिए किया जाएगा, विशेष रूप से ग्रामीण और कृषि क्षेत्र में। यूनीवार्ता देखें
Our regularly updated Demonetization Bodhis | नोटबंदी (विमुद्रीकरण) पर बोधियाँ
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5. Earthquake along Indo-Nepal border shakes Uttarakhand
Different parts of the world have been constantly experiencing earthquake shocks in the past month. The sixth such set of tremors were experienced along the Indo-Nepal border, and in the state of Uttarakhand as well on Thursday night. The intensity of the quake was 5.2 on the Richter scale, and its epicenter was in Uttarakhand along the border. Nepal's lying right over the region where the two major tectonic plates - Indo-Australian and Eurasian - meet, is the reason for great concern. Read Hindustan Times
उत्तराखंड की भारत-नेपाल सीमा पर भूकंप के झटके
बीते एक महीने में विश्व के विभिन्न स्थानों पर भूकंप की घटनाएँ काफी बढ़ी हैं। इसी श्रृंखला में गुरुवार रात 10.20 के लगभग उत्तराखंड से लगी भारत-नेपाल सीमा पर 5.2 तीव्रता के भूकंप के झटके महसूस किये गए। भूकंप का केंद्र उत्तराखंड में था, व दहशत से लोग घरों से बाहर निकल आये। अभी तक किसी प्रकार की जान-माल की क्षति की सूचना नहीं है। पंजाब केसरी देखें
Immediately after the RBI’s move to impose incremental CRR, economists expect a cut in the interest rates by the RBI in its next review meeting scheduled on December 9. It is felt that incremental CRR will be eventually rolled back. Since the economy is virtually at a standstill now post-demonetisation, a rate cut seems a near certainty to help kickstart stalled economic activities in some sectors. Read TOI
भारतीय रिजर्व बैंक अगले सप्ताह ब्याज दरों में कटौती कर सकती है
अर्थशास्त्रियों का मानना है कि आरबीआई अगले सप्ताह होने वाली समीक्षा बैठक में ब्याज दरों में कटौती की घोषणा कर सकता है। यह संभावना इस आधार पर व्यक्त की जा रही है कि वृद्धिशील सीआरआर अंततः पुनः वापस ले लिया जायेगा, और चूंकि वर्तमान में अर्थव्यवस्था में पूर्ण ठहराव आ गया है अतः दर कटौती एक निश्चित संभावना प्रतीत होती है। इकॉनोमिक टाइम्स देखें
7. I-T Department may probe validity of exemptions given to Tata Trusts
7. I-T Department may probe validity of exemptions given to Tata Trusts
The Tata philanthropic trusts control Tata Sons, which is the holding company of Tata Group of companies. Income Tax department feels that they might be violating the conditions under which exemptions are granted to them. It has sent a show-cause notice to Sir Dorabji Tata Trust, Sir Ratan Tata Trust, JRD Tata Trust and RD Tata Trust to this effect. These major trusts together hold 57.74% stake in Tata Sons. Their trustees’ participation in the group’s business activity and their presence in the Group’s boards is a cause of concern for the department. Read Economic Times
आयकर विभाग टाटा न्यासों को प्रदान की गई कर-छूट की वैधता की जाँच कर सकता है
टाटा समूह के विभिन्न परोपकारी न्यास टाटा संस को नियंत्रित करते हैं। आयकर विभाग का मानना है कि वे उन शर्तों का उल्लंघन कर रहे हैं जिसके तहत उन्हें छूट प्रदान की गई है। विभाग ने सर दोराबजी टाटा न्यास, सर रतन टाटा न्यास, जेआरडी टाटा न्यास और आरडी टाटा न्यास को कारण-बताओ नोटिस जारी किया है। इन प्रमुख न्यासों का टाटा संस के 57.74 प्रतिशत अंशभागों पर नियंत्रण है। इनके न्यासियों की समूह की व्यवसायिक गतिविधि में भागीदारी और समूह के निदेशक मंडलों पर उनकी उपस्थिति आयकर विभाग के लिए चिंता का कारण है। इकॉनोमिक टाइम्स देखें
टाटा समूह के विभिन्न परोपकारी न्यास टाटा संस को नियंत्रित करते हैं। आयकर विभाग का मानना है कि वे उन शर्तों का उल्लंघन कर रहे हैं जिसके तहत उन्हें छूट प्रदान की गई है। विभाग ने सर दोराबजी टाटा न्यास, सर रतन टाटा न्यास, जेआरडी टाटा न्यास और आरडी टाटा न्यास को कारण-बताओ नोटिस जारी किया है। इन प्रमुख न्यासों का टाटा संस के 57.74 प्रतिशत अंशभागों पर नियंत्रण है। इनके न्यासियों की समूह की व्यवसायिक गतिविधि में भागीदारी और समूह के निदेशक मंडलों पर उनकी उपस्थिति आयकर विभाग के लिए चिंता का कारण है। इकॉनोमिक टाइम्स देखें
The two-day Heart of Asia Conference, also called the Istanbul process, begins in Amritsar on Saturday. The Pakistani delegation is led by Pak Prime Minister’s foreign affairs advisor Sartaj Aziz. However, the Indian Foreign Ministry has denied any bilateral dialogue between the two countries during the event. The Heart of Asia Conference is a forum that focuses on ensuring peace and security in Afghanistan, cooperation between Afghanistan and its neighbours to counter the common challenge of terrorism. Read Hindustan Times
हार्ट ऑफ एशिया सम्मेलन में भारत-पाक वार्ता नहीं
दो-दिवसीय हार्ट ऑफ एशिया सम्मेलन, जिसे इस्तांबुल प्रक्रिया भी कहा जाता है, की शुरुआत शनिवार को अमृतसर में हो रही है। इसमें भाग लेने वाले पाकिस्तानी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व प्रधानमंत्री के विदेशी मामलों के सलाहकार सरताज अज़ीज़ कर रहे हैं। हालांकि सम्मेलन के दौरान भारत-पाक द्विपक्षीय वार्ता की कोई संभावना नहीं है। यह एक एस मंच है जो अफगानिस्तान में शांति और सुरक्षा, और अफगानिस्तान और उसके पडोसी देशों के बीच आतंकवाद की साझा चुनौती से निपटने के लिए सहयोग पर केंद्रित है। खास खबर देखें
दो-दिवसीय हार्ट ऑफ एशिया सम्मेलन, जिसे इस्तांबुल प्रक्रिया भी कहा जाता है, की शुरुआत शनिवार को अमृतसर में हो रही है। इसमें भाग लेने वाले पाकिस्तानी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व प्रधानमंत्री के विदेशी मामलों के सलाहकार सरताज अज़ीज़ कर रहे हैं। हालांकि सम्मेलन के दौरान भारत-पाक द्विपक्षीय वार्ता की कोई संभावना नहीं है। यह एक एस मंच है जो अफगानिस्तान में शांति और सुरक्षा, और अफगानिस्तान और उसके पडोसी देशों के बीच आतंकवाद की साझा चुनौती से निपटने के लिए सहयोग पर केंद्रित है। खास खबर देखें
9. Saina Nehwal stunned by Zhang Yiman in Macau Open quarter-finals
India’s top shuttler and former world no. one Saina Nehwal bowed out of the Macau Open Grand Prix Gold Tournament when she was defeated by China’s Zhang Yiman 12-21, 17-21. Compatriot PV Sindhu had earlier pulled out of the tournament. It may be recalled that Saina underwent a knee surgery recently, and the impact of the same was visible on her game. Read NDTV
मकाऊ ओपन के क्वार्टर फाइनल से बाहर हुईं साइना नेहवाल
मकाऊ ओपन बैडमिंटन प्रतियोगिता में देश की शीर्ष बैडमिंटन खिलाडी साइना नेहवाल अपने क्वार्टर फाइनल मुकाबले में चीन की झांग यिमान के हाथों 12-21, 17-21 से पराजित होकर प्रतियोगिता से बाहर हो गई हैं। ज्ञातव्य है कि अभी हाल ही में साइना के घुटनों की शल्य-क्रिया हुई थी व इसका प्रभाव उनके खेल पर दिखाई दे रहा था। खबर नॉन स्टॉप देखें
मकाऊ ओपन बैडमिंटन प्रतियोगिता में देश की शीर्ष बैडमिंटन खिलाडी साइना नेहवाल अपने क्वार्टर फाइनल मुकाबले में चीन की झांग यिमान के हाथों 12-21, 17-21 से पराजित होकर प्रतियोगिता से बाहर हो गई हैं। ज्ञातव्य है कि अभी हाल ही में साइना के घुटनों की शल्य-क्रिया हुई थी व इसका प्रभाव उनके खेल पर दिखाई दे रहा था। खबर नॉन स्टॉप देखें
There is some good news for Reliance Jio users. Reliance Chairman Mukesh Ambani announced free voice, data and video for new and existing users till March 31, 2017 under the Jio Happy New Year offer. Earlier the offer closed on December 3. He also announced Mobile Number Portability (MNP) under which all customers can retain their existing numbers on migrating to Jio. The COAI has persistently criticised Jio's free offers, stating it seriously erodes the sector's profitability and pricing power. Read Economic Times
जियो उपभोक्ताओं के लिए खुश-खबरी: 31 मार्च तक सेवाएँ मुफ्त उपयोग कर सकेंगे
रिलांयस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के अध्यक्ष मुकेश अंबानी ने घोषणा की है कि अगले साल 31 मार्च तक जियो 4जी सिम के सभी ग्राहकों को सभी सेवाएं मुफ्त दी जाएंगी। इसमें जियो के सभी नये-पुराने ग्राहकों के लिए इंटरनेट डाटा, वॉयस कॉलिंग, वीडियो कॉलिंग और वाई-फाई जैसी सेवाएँ मुफ्त मिलेगी। इससे पूर्व यह सुविधा 3 दिसंबर को समाप्त कर दी गई थी। साथ ही उन्होंने कहा कि अन्य सेवा प्रदाताओं के नंबर इस्तेमाल करने वाले वे ग्राहक जो जियो सिम लेते हैं उन्हें नंबर सुवाह्यता (नंबर पोर्टेबिलिटी) का भी लाभ दिया जाएगा दैनिक ट्रिब्यून देखें
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